प्रदेश के 51 नगर निकायों में चुनाव की घोषणा के बाद सभी प्रत्याशी अपनी-अपनी तैयारियों में जुट गए हैं। इसी बीच एक अहम जानकारी सामने आई है कि इस बार 85 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को घर से मतदान (होम वोटिंग) की सुविधा नहीं मिलेगी। उन्हें अपने मतदान के लिए मतदान केंद्र तक जाना अनिवार्य होगा।
समय की कमी के कारण नहीं मिल पाएगी सुविधा
चुनाव आयोग के अनुसार, प्रदेश में लगभग 22,000 मतदान केंद्र हैं और इतने बड़े स्तर पर घर-घर जाकर मतदान करवाना संभव नहीं है। चुनाव प्रक्रिया के लिए समय कम होने के कारण इस बार नगर निकाय चुनावों में यह सुविधा लागू नहीं की जा सकी है। इसलिए 85 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को भी मतदान केंद्र पर पहुंचकर ही अपने मताधिकार का उपयोग करना होगा।
मतदान केंद्रों पर रहेंगी विशेष सुविधाएं
हालांकि, प्रशासन की ओर से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि मतदान केंद्रों पर बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के लिए व्हीलचेयर और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों, ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी न हो।
साथ ही यह भी बताया गया है कि नगर पंचायत के चुनाव 17 मई से पहले संपन्न होंगे। वहीं, भविष्य में होने वाले लोकसभा चुनावों में 85 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को फिर से घर से मतदान की सुविधा प्रदान की जाएगी, जिससे वे आसानी से अपना मतदान कर सकेंगे।

